George Linde the hero as Notts hold off Bears in low-scorer: नॉटिंघमशायर की रोमांचक जीत
ट्रेंट ब्रिज के ऐतिहासिक मैदान पर वाइटैलिटी ब्लास्ट (Vitality Blast) टी20 टूर्नामेंट में एक ऐसा मुकाबला देखने को मिला जिसने दर्शकों की सांसें थाम दीं। इस कम स्कोर वाले रोमांचक मैच में दोनों टीमों के बीच कांटे की टक्कर देखने को मिली, जहां अंततः नॉटिंघमशायर आउटलॉज़ ने बाजी मारी। इस शानदार मुकाबले में दक्षिण अफ्रीकी ऑलराउंडर जॉर्ज लिंडे ने अपनी टीम के लिए संकटमोचक की भूमिका निभाई, जिसके चलते यह कहना पूरी तरह सटीक होगा कि George Linde the hero as Notts hold off Bears in low-scorer। नॉटिंघमशायर आउटलॉज़ ने एक गेंद शेष रहते वार्विकशायर बियर्स को तीन विकेट से मात देकर टूर्नामेंट में अपनी उम्मीदों को जिंदा रखा है।
वार्विकशायर बियर्स की टीम टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करते हुए 19.2 ओवरों में केवल 139 रनों पर ढेर हो गई थी। इसके जवाब में नॉटिंघमशायर आउटलॉज़ की टीम ने उतार-चढ़ाव से भरे रन-चेज में 19.5 ओवरों में 7 विकेट खोकर 143 रन बनाए और रोमांचक जीत अपने नाम की।
वार्विकशायर बियर्स की पारी: शानदार शुरुआत के बाद लड़खड़ाई टीम
पहले बल्लेबाजी करने उतरी वार्विकशायर बियर्स की शुरुआत बेहद आक्रामक और उम्मीदों से भरी रही। सलामी बल्लेबाज रॉब येट्स और ज़ेन मलिक ने नॉटिंघमशायर के गेंदबाजों पर दबाव बनाते हुए मैदान के चारों ओर शानदार शॉट्स लगाए। दोनों ने मिलकर शुरुआती 32 गेंदों में 54 रनों की तेज तर्रार साझेदारी की। इस दौरान दोनों बल्लेबाजों ने अपनी पारियों में तीन-तीन चौके और एक-एक छक्का लगाया।
लेकिन नॉटिंघमशायर के गेंदबाजों ने जल्द ही मैच में शानदार वापसी की। केवल सात गेंदों के अंतराल में दोनों सलामी बल्लेबाज पवेलियन लौट गए। रॉब येट्स डीप पॉइंट पर कैच दे बैठे, जबकि ज़ेन मलिक शॉर्ट थर्ड मैन पर एक खराब शॉट खेलकर आउट हो गए। इन दो बड़े झटकों के बाद बियर्स की पारी की रफ्तार पूरी तरह से थम गई और रन गति पर ब्रेक लग गया।
इंग्लैंड लायंस से रिलीज होकर इस मैच में खेल रहे डैन मूसली भी कोई बड़ी पारी नहीं खेल सके। वह ऑफ स्पिनर फ्रेडी मैक्केन की गेंद पर रिवर्स स्वीप करने के प्रयास में चूक गए और क्लीन बोल्ड होकर पवेलियन लौटे। 10 ओवरों के खेल के बाद वार्विकशायर बियर्स का स्कोर 3 विकेट पर 68 रन था और टीम पूरी तरह से रक्षात्मक मुद्रा में आ गई थी।
इसके बाद नॉटिंघमशायर के गेंदबाजों ने अपनी पकड़ ढीली नहीं होने दी। एड बारनार्ड भी विकेटकीपर को कैच थमा बैठे। ब्यू वेबस्टर ने बेनी हॉवेल की पहली ही गेंद पर छक्का लगाया, लेकिन वह भी ज्यादा देर नहीं टिक सके और डिलन पेनिटन की शानदार गेंद पर बोल्ड हो गए। वेबस्टर ने 26 गेंदों में 23 रन बनाए। कप्तान एलेक्स डेविस भी बेनी हॉवेल की गेंद पर एलबीडब्ल्यू (LBW) आउट हो गए। अंतिम ओवरों में काई स्मिथ ने 28 गेंदों में 34 रनों की जुझारू पारी खेलकर टीम को एक सम्मानजनक स्कोर तक पहुंचाने का भरसक प्रयास किया। अपनी इस पारी में उन्होंने दो शानदार छक्के लगाए। क्रिस वोक्स ने भी एक छक्का लगाया, लेकिन पाकिस्तान के तेज गेंदबाज मोहम्मद अली ने कसी हुई गेंदबाजी करते हुए 27 रन देकर 3 महत्वपूर्ण विकेट चटकाए। पेनिटन ने थॉम्पसन को यॉर्कर पर बोल्ड किया, जबकि अली ने वोक्स और रिचर्ड ग्लीसन को अपने अंतिम ओवर में पवेलियन भेजा। इस तरह पूरी टीम 139 रनों पर सिमट गई।
नॉटिंघमशायर आउटलॉज़ की पारी: पावरप्ले में धमाका और फिर आया संकट
140 रनों के छोटे लक्ष्य का पीछा करने उतरी नॉटिंघमशायर आउटलॉज़ की टीम को टूर्नामेंट में बने रहने के लिए इस जीत की सख्त जरूरत थी। शुरुआती तीन मैचों में शिकस्त झेलने के बाद टीम ने आक्रामक रुख अपनाया। उन्हें प्रति ओवर केवल सात रन की दर से रन बनाने थे। आउटलॉज़ ने पावरप्ले का भरपूर फायदा उठाया और मात्र 6 ओवरों में 1 विकेट के नुकसान पर 67 रन बोर्ड पर टांग दिए। इस दौरान एकमात्र विकेट जो क्लार्क का गिरा, जो क्रिस वोक्स की गेंद पर विकेटकीपर के हाथों लपके गए।
स्कॉटलैंड के अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी जॉर्ज मुन्से (30 गेंदों में 27 रन) और जैक हेन्स ने इसके बाद पारी को आगे बढ़ाया। हेन्स बेहद आक्रामक मूड में थे और उन्होंने केवल 17 गेंदों में तीन गगनचुंबी छक्कों की मदद से 36 रन बनाए। ऐसा लग रहा था कि नॉटिंघमशायर इस मैच को बेहद आसानी से और बहुत जल्दी जीत लेगा।
रॉब येट्स का फिरकी जादू: नॉटिंघमशायर के खेमे में मची खलबली
जब नॉटिंघमशायर का स्कोर 8वें ओवर में 1 विकेट पर 72 रन था, तब बियर्स के ऑफ स्पिनर रॉब येट्स ने अपनी जादुई गेंदबाजी से मैच का पासा पूरी तरह पलट दिया। येट्स ने अपने स्पेल में मात्र 13 गेंदों के भीतर केवल 6 रन देकर 4 विकेट चटकाए। उन्होंने सबसे पहले खतरनाक दिख रहे जैक हेन्स को मिड-ऑफ पर कैच आउट कराया। इसके बाद उन्होंने टॉम मूर्स को क्लीन बोल्ड किया और उसी ओवर में अपनी ही गेंदों पर दो शानदार रिटर्न कैच लेकर फ्रेडी मैक्केन और जॉर्ज मुन्से को पवेलियन का रास्ता दिखाया।
इस घातक स्पेल के बाद ब्यू वेबस्टर ने बेनी हॉवेल को भी आउट कर दिया, जिससे नॉटिंघमशायर का स्कोर 8वें ओवर में 1 विकेट पर 72 रन से घटकर 12वें ओवर में 6 विकेट पर 87 रन हो गया। नॉटिंघमशायर की टीम जो एक समय बेहद मजबूत स्थिति में थी, अब अचानक हार के कगार पर खड़ी दिख रही थी।
जॉर्ज लिंडे का संयम और अंतिम ओवर का महा-रोमांच
नॉटिंघमशायर को जीत दिलाने और मैच को बचाने की जिम्मेदारी अब दक्षिण अफ्रीकी ऑलराउंडर जॉर्ज लिंडे पर थी। येट्स ने अपने आखिरी ओवर में 14 रन दिए, जिसमें लियाम पैटरसन-व्हाइट ने एक शानदार स्लॉग-स्वीप छक्का लगाया। हालांकि, पैटरसन-व्हाइट को उस्मान तारिक ने 20 रन पर बोल्ड कर दिया, जिससे नॉटिंघमशायर का स्कोर 118 रन पर 7 विकेट हो गया। अब टीम को जीत के लिए 27 गेंदों में 22 रनों की आवश्यकता थी और क्रीज पर केवल पुछल्ले बल्लेबाज बचे थे।
जॉर्ज लिंडे ने ऐसी दबाव वाली परिस्थिति में भी अपना आपा नहीं खोया। उन्होंने ऑफ-साइड बाउंड्री पर एक बेहतरीन चौका जड़ा और फिर डैन मूसली की गेंद पर लॉन्ग-ऑन के ऊपर से एक दर्शनीय छक्का लगाकर मैच को पूरी तरह नॉटिंघमशायर के पक्ष में मोड़ दिया। हालांकि उस्मान तारिक ने 19वें ओवर में केवल दो रन दिए, जिससे मैच अंतिम ओवर तक खिंच गया।
अंतिम ओवर में नॉटिंघमशायर को जीत के लिए 3 रनों की दरकार थी। रिचर्ड ग्लीसन ने इस ओवर को बेहद रोमांचक बना दिया और बेहतरीन यॉर्कर फेंककर मैच को पांचवीं गेंद तक खींच ले गए। लेकिन अंततः लिंडे ने पांचवीं गेंद पर बाहरी किनारा लेते हुए थर्ड मैन की दिशा में चौका बटोरा और अपनी टीम को एक अविश्वसनीय जीत दिलाई। लिंडे ने 25 गेंदों में नाबाद 29 रनों की बहुमूल्य और मैच जिताऊ पारी खेली।
संक्षिप्त स्कोरकार्ड (Brief Scores):
- वार्विकशायर बियर्स: 139 ऑल आउट (19.2 ओवर) – काई स्मिथ 34, रॉब येट्स 25; मोहम्मद अली 3/27, डिलन पेनिटन 2/18.
- नॉटिंघमशायर आउटलॉज़: 143/7 (19.5 ओवर) – जैक हेन्स 36, जॉर्ज लिंडे 29*, जॉर्ज मुन्से 27; रॉब येट्स 4/22.
- परिणाम: नॉटिंघमशायर आउटलॉज़ ने 3 विकेट से जीत दर्ज की।
