काउंटी चैंपियनशिप: बेन रेन और कैलम पार्किंसन की जुगलबंदी से डरहम बचा हार से
डरहम की साहसिक वापसी और केंट के मंसूबों पर पानी
रोथेसे काउंटी चैंपियनशिप डिवीजन टू के बेकनहम में खेले गए मुकाबले में डरहम ने शानदार जज्बा दिखाते हुए केंट के खिलाफ मैच ड्रॉ कराने में सफलता हासिल की। मैच का अंतिम दिन पूरी तरह से संघर्ष और रणनीति के नाम रहा, जहाँ एक समय डरहम की टीम फॉलो-ऑन के खतरे से जूझ रही थी, लेकिन अंत में बेन रेन और कैलम पार्किंसन ने मुकाबले की दिशा ही बदल दी।
संकट में थी डरहम की पारी
मैच के दौरान एक समय ऐसा आया जब डरहम की टीम 288 रनों पर अपने नौ विकेट गंवा चुकी थी। केंट के गेंदबाजों ने दबदबा बनाया हुआ था, जिसमें एकांश सिंह और मैट मिल्नेस ने तीन-तीन विकेट हासिल किए। इस बीच जेम्स टेलर ने इंग्लैंड के कप्तान बेन स्टोक्स को 45 रनों पर बोल्ड करके डरहम की कमर तोड़ दी थी। स्टोक्स को पारी के दौरान दो जीवनदान भी मिले, लेकिन वे बड़ी पारी खेलने में नाकाम रहे।
रेन और पार्किंसन की ऐतिहासिक साझेदारी
जब डरहम की हार लगभग निश्चित लग रही थी, तब 10वें विकेट के लिए बेन रेन और कैलम पार्किंसन के बीच 158 रनों की अटूट साझेदारी हुई। यह साझेदारी न केवल मैच का टर्निंग पॉइंट साबित हुई, बल्कि इसने डरहम के लिए केंट के खिलाफ 10वें विकेट के लिए एक नया रिकॉर्ड भी बनाया। इससे पहले यह रिकॉर्ड 1998 में माइकल फोस्टर और स्टीव हार्मिसन के नाम था।
बेन रेन ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए शतक जड़ा और 106 रनों की पारी खेली। वहीं, कैलम पार्किंसन ने उनका बखूबी साथ निभाते हुए नाबाद 54 रन बनाए। दोनों ने लंच के बाद भी केंट के गेंदबाजों को पूरी तरह निराश किया। यहाँ तक कि केंट के कप्तान ने कीथ डजियन और जैक क्रॉली जैसे पार्ट-टाइम गेंदबाजों का भी इस्तेमाल किया, लेकिन सफलता उनके हाथ नहीं लगी।
अंतिम क्षणों का रोमांच
मैच के तीसरे दिन बारिश के कारण खेल नहीं हो सका था, जिससे ड्रॉ की संभावना पहले से ही प्रबल थी। हालांकि, अंतिम दिन का खेल समय पर शुरू हुआ। डेविड बेडिंगम अपने पिछले स्कोर में केवल दो रन और जोड़कर पवेलियन लौट गए। इसके बाद जब डरहम की आखिरी जोड़ी क्रीज पर थी, तो उन्होंने न केवल फॉलो-ऑन के खतरे को टाला, बल्कि केंट के गेंदबाजों की थकान का पूरा फायदा उठाया।
मैच का समापन
मैथ्यू पार्किंसन ने अंततः बेन रेन को आउट करके इस लंबी साझेदारी का अंत किया। रोचक बात यह रही कि आउट होने के बाद बेन रेन ने विकेटकीपिंग के दस्ताने पहने और केंट की दूसरी पारी में ग्राहम क्लार्क की गेंद पर बेन डॉकिन्स का कैच भी लपका। केंट की दूसरी पारी केवल 1.3 ओवर तक चली, जिसमें उन्होंने एक रन बनाया और एक विकेट खोया। अंत में दोनों कप्तानों ने आपसी सहमति से मैच को ड्रॉ घोषित कर दिया।
निष्कर्ष
यह मुकाबला डरहम के लिए एक बड़े सबक और प्रेरणा की तरह है। एक समय बैकफुट पर होने के बावजूद, निचले क्रम के बल्लेबाजों का साहस और धैर्य यह साबित करता है कि प्रथम श्रेणी क्रिकेट में मैच किसी भी मोड़ पर पलट सकता है। बेन रेन का शतक और पार्किंसन के साथ उनकी साझेदारी लंबे समय तक याद रखी जाएगी। केंट के लिए यह मैच एक मौका था जिसे वे जीत में तब्दील करने से चूक गए।
